लोग...जो कभी आपके साथ चले थे...आपसे बातें करते थे और तुम्हें अपनेपन का अहसास कराते थे । और फिर जब कभी तुम्हारी जिंदगी में बुरा वक्त आया था और उसमें तुम्हें किसी के सहारे की जरुरत थी, तब ये तुम्हारा साथ छोड़कर तुमसे दूर चले गए थे वो मुँह फेरे बच - बचाकर निकल जाया करते थे । गोयाकि तुम संघर्षरत थे तथा इस बुरे दौर में भी अपने सपने को जी रहे थे पर वो इस बात को कभी महसूस नहीं कर पाए...वो तो बस तुम्हें नाकाम समझते थे उन्हें तुमसे कोई उम्मीद नहीं थी, मतलब तुम उनकी नजरों में किसी भी काम के नहीं थे...वे आगे बढ़ गए और तुम्हें पलटकर देखने की उन्होंने जरा भी जरुरत महसूस नहीं की । शायद इन मुश्किल हालातों में तुम्हें उन लोगों के थोड़े से साथ की जरुरत थी और तुम अपने लिए उनके मुंह से "Best of luck...And don't worry we are always with you." जैसे भाव भी सुनना चाहते थे...पर अफ़सोस! बहरहाल फिर भी जब तुम्हारा बेहतरीन वक्त आता हैं, तब भी तुम्हें उनके प्रति इतना खुदगर्ज या सख्त नहीं होना चाहिए कि उनके साथ बिताये अच्छे पलों को याद करके तुम उनका शुक्रियादा और उनकी क़द्र भी ना कर सको !
©Sudarshan Arya
❤️🤟
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